Friday, April 19, 2024
37.9 C
New Delhi

Rozgar.com

37.9 C
New Delhi
Friday, April 19, 2024

Advertisementspot_imgspot_imgspot_imgspot_img

नक्सल भय को परे रखते हुए किया मतदाताओं ने किया मतदान

जगदलपुर   छत्तीसगढ़ में लोकसभा प्रथम चरण के चुनाव में एकमात्र बस्तर लोकसभा सीट पर मतदाताओं ने नक्सल भय को परे रखते हुए बुलेट के आगे...
HomeStatesMadhya Pradeshभोपाल सांसद साध्‍वी प्रज्ञा के खिलाफ मुंबई कोर्ट ने जारी किया जमानती...

भोपाल सांसद साध्‍वी प्रज्ञा के खिलाफ मुंबई कोर्ट ने जारी किया जमानती वारंट

भोपाल
मुंबई की विशेष एनआईए अदालत ने सोमवार को मालेगांव 2008 विस्फोट मामले की सुनवाई की। अदालत ने पेशी से नदारद रहने पर भोपाल से भाजपा सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर के खिलाफ 10,000 रुपये का जमानती वारंट जारी किया है। वह इस मामले में आरोपी है और अदालत के आदेश के बावजूद सुनवाई के लिए उपस्थित नहीं हुई थी।

प्रज्ञा सिंह ठाकुर के वकील ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर पेशी से छूट देने का आवेदन दायर किया था, लेकिन अदालत ने खारिज कर दिया और जमानती वारंट जारी किया जो 20 मार्च को वापस किया जा सकता है।

29 सितंबर 2008 को हुआ था मालेगांव में विस्फोट
मुंबई से करीब 200 किमी दूर उत्तरी महाराष्ट्र के मालेगांव शहर में एक मस्जिद के पास बाइक पर रखे विस्फोटक में धमाका हुआ था। तारीख 29 सितंबर और साल 2008 था। इस धमाके में 6 लोगों की मौत हुई थी। जबकि 100 से अधिक लोग घायल हुए थे। 2011 में यह मामला राष्ट्रीय जांच एजेंसी को ट्रांसफर कर दिया गया था। उससे पहले महाराष्ट्र आतंकवाद निरोधी दस्ता यानी एटीएस द्वारा जांच की गई थी।

2017 में बॉम्बे हाईकोर्ट ने प्रज्ञा ठाकुर को जमानत दी थी। इसी साल इस मामले में मुख्य अभियुक्त कर्नल श्रीकांत प्रसाद पुरोहित को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली थी। इस केस में 323 गवाह बनाए गए थे। उनमें 34 पलट गए थे। बाइक प्रज्ञा ठाकुर के नाम दर्ज मिली थी।

भाजपा ने काटा टिकट
2 मार्च को भाजपा ने लोकसभा चुनाव के लिए 195 उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की थी। इसमें मध्य प्रदेश की कुल 29 लोकसभा सीटों में से 24 उम्मीदवार भी शामिल थे। भाजपा ने भोपाल से सांसद प्रज्ञा ठाकुर का टिकट काट दिया। उनकी जगह भोपाल के पूर्व मेयर आलोक शर्मा को उम्मीदवार बनाया गया है। बाद में जब पत्रकारों ने प्रज्ञा ठाकुर से उनका टिकट कटने की वजह पूछी तो उन्होंने कहा कि अतीत में मेरे बयानों से पीएम मोदी को कष्ट हुआ होगा, तभी ऐसा हुआ। मेरा कभी कोई ऐसा भाव नहीं था जिससे पीएम मोदी के मन को कष्ट पहुंचे।

यह घटनाक्रम सीधे तौर पर मालेगांव विस्फोट मामले से संबंधित सुनवाई के दौरान हुआ, जो घटना के आसपास की कानूनी कार्यवाही में एक महत्वपूर्ण मोड़ का संकेत देता है। मालेगांव विस्फोट मामले में साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर की संलिप्तता ने काफी ध्यान आकर्षित किया है। 29 सितंबर, 2008 को महाराष्ट्र के नासिक शहर के मालेगांव में हुए विस्फोट में छह लोगों की दुखद मौत हो गई और 100 से अधिक अन्य घायल हो गए। मोटरसाइकिल पर रखे विस्फोटक उपकरण में विस्फोट हो गया, जिससे समुदाय में बड़े पैमाने पर तबाही और पीड़ा हुई।

उल्लेखनीय है कि आगामी लोकसभा चुनाव के लिए भाजपा की 195 उम्मीदवारों की शुरुआती सूची से साधवी प्रज्ञा सिंह ठाकुर का नाम गायब था। इस अनुपस्थिति को विभिन्न कारकों के लिए जिम्मेदार ठहराया जा सकता है, जिसमें मालेगांव विस्फोट मामले से संबंधित कानूनी कार्यवाही भी शामिल है।